आरबीआई ने रेपो रेट में की कटौती, कम हुई ब्याज दरें

  04/04/2019


भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने चालू वित्त वर्ष 2019-20 की अपनी पहली द्विमासिक मौद्रिक समीक्षा में रेपो रेट में 0.25 फीसदी की कटौती की है। रेपो रेट अब घटकर 6.00 फीसदी हो गया है। इस साल रिजर्व बैंक ने रेपो रेट में लगातार दूसरी बार कटौती की है।

रेपो रेट में कटौती के बाद नया कर्ज लेना जहां सस्ता होने की उम्मीद है। वहीं, आपके होम लोन, आटो लोन और पर्सनल लोन की EMI भी घट जाएगी। बता दें रेपो रेट वह दर है, जिस पर RBI बैंकों को कर्ज देता है। इसके साथ ही RBI ने रिवर्स रेपो रेट 6 फीसदी से घटाकर 5.75 फीसदी कर दिया है। RBI ने जनवरी-मार्च 2019 के लिए खुदरा महंगाई अनुमान 2.4 फीसदी का रखा है। वहीं आरबीआई ने चालू वित्त वर्ष के लिए विकास दर का अनुमान 7.4 प्रतिशत से घटाकर 7.2 प्रतिशत कर दिया है।

मौद्रिक नीति समिति (MPC) के 6 में से 4 सदस्यों ने दरों में कटौती का पक्ष लिया। इसके अलावा RBI ने ब्याज दरों पर न्यूट्रल रुख कायम रखा है। MPC की अगली बैठक अब 3,4 और 6 जून को होगी। 

केंद्रीय बैंक ने कहा है कि उसने घरेलू निवेश कमजोर रहने के संकेत और वैश्विक अर्थव्यवस्था में सुस्ती के मद्देनजर अपने दो माह पुराने अनुमान में कटौती की है। बयान में कहा गया है उत्पादन और पूँजीगत वस्तुओं के आयात में सुस्ती से घरेलू निवेश गतिविधियों में कमजोरी के संकेत मिले हैं। वैश्विक अर्थव्यवस्था में सुस्ती से भारत का निर्यात प्रभावित हो सकता है। 

वहीं, वाणिज्यिक क्षेत्र में वित्तीय प्रवाह बढ़ने से आर्थिक गतिविधियों पर सकारात्मक असर पड़ने की बात कही गई है। बयान में निजी उपभोग के भी गति पकड़ने की उम्मीद जताई गयी है ग्रामीण क्षेत्रों में व्यय बढ़ेगा। इसमें कहा गया है कि पाँच लाख तक की आय को पूरी तरह करमुक्त बनाने से लोगों के पास व्यय योग्य आमदनी बढ़ेगी।

















विज्ञापन
Facebook
वीडियो
आपका वोट
किस घोषणा पत्र को आप भविष्य के लिए चुनना पसन्द करेंगे?
विज्ञापन
आपकी राय

संपर्क करे

अगर आप कोई सूचना, लेख , ऑडियो वीडियो या सुझाव हम तक पहुचाना चाहते है तो इस ई-मेल आई पर भेजे info@ekhabri.com या फिर Whatsapp करे 7771900010



  
विज्ञापन